一Lock down के चलते पीड़ित पालक ने दम तोड़ा -
विगत 18 माह से किडनी खराब पीड़ित स्व.श्री कालू निशाद ने दम तोड़ दिया जिसका 7 दिवस में आज दशगात्र किया गया।
हमारे विद्यालय में अध्ययनरत कक्षा 6 वी के एक विद्यार्थी विवेक कुमार निषाद जो पिछले साल विद्यालय अनियमित आ रहा था।जिसका पता लगाने हम पालक संपर्क किये,तो उनके घर जाने पर उक्त कारण का पता लगा तो हमारी भी हिम्मत इस प्रकार के घटना सुनकर स्तब्ध हो गए।
इनका परिवार बहुत ही गरीब है रोज कमाना और रोज खाना की स्तिथि पाया गया। एक बार रायपुर आने -जाने की खर्चा भी वहन करना बहुत ही मुश्किल हो रहा था।इसके लिए शाला परिवार ने मिलकर 5100 रु का सहयोग राशि भी प्रदान किया गया।इसमे बच्चों ने भी यथासम्भव सहयोग राशि एकत्रित कर एक उदाहरण प्रस्तुत किया।
शिक्षक ने लिया गोद-
इस घटना से प्रभावित होकर जब ये बालक कक्षा 6 वी में शाला प्रवेश लिया तो विद्यालय के शिक्षक श्री धर्मेंद्र कुमार राजपूत ने इस बच्चे की पढ़ाई का खर्चा का जिम्मेदारी ली।
हर 2 -3 दिन में जाना होता था रायपुर -
उसे हर दो या दिन दिन में रायपुर डायलिसिस करवाने हेतु रायपुर जाना होना होता था।लेकिन वर्तमान समय मे lock down के कारण सभी बस बन्द हो जाने से उसका इलाज के लिये जाना बन्द हो गया।
और lock down के कुछ दिन के बाद उनकी साँसे थम गई।
विगत 18 माह से किडनी खराब पीड़ित स्व.श्री कालू निशाद ने दम तोड़ दिया जिसका 7 दिवस में आज दशगात्र किया गया।
हमारे विद्यालय में अध्ययनरत कक्षा 6 वी के एक विद्यार्थी विवेक कुमार निषाद जो पिछले साल विद्यालय अनियमित आ रहा था।जिसका पता लगाने हम पालक संपर्क किये,तो उनके घर जाने पर उक्त कारण का पता लगा तो हमारी भी हिम्मत इस प्रकार के घटना सुनकर स्तब्ध हो गए।
इनका परिवार बहुत ही गरीब है रोज कमाना और रोज खाना की स्तिथि पाया गया। एक बार रायपुर आने -जाने की खर्चा भी वहन करना बहुत ही मुश्किल हो रहा था।इसके लिए शाला परिवार ने मिलकर 5100 रु का सहयोग राशि भी प्रदान किया गया।इसमे बच्चों ने भी यथासम्भव सहयोग राशि एकत्रित कर एक उदाहरण प्रस्तुत किया।
शिक्षक ने लिया गोद-
इस घटना से प्रभावित होकर जब ये बालक कक्षा 6 वी में शाला प्रवेश लिया तो विद्यालय के शिक्षक श्री धर्मेंद्र कुमार राजपूत ने इस बच्चे की पढ़ाई का खर्चा का जिम्मेदारी ली।
हर 2 -3 दिन में जाना होता था रायपुर -
उसे हर दो या दिन दिन में रायपुर डायलिसिस करवाने हेतु रायपुर जाना होना होता था।लेकिन वर्तमान समय मे lock down के कारण सभी बस बन्द हो जाने से उसका इलाज के लिये जाना बन्द हो गया।
और lock down के कुछ दिन के बाद उनकी साँसे थम गई।
भगवान इनकी आत्मा को शांति प्रदान करे।
उनकी आत्मा को शांति प्रदान करे।
ReplyDelete